09:42 देश ने खोया अनमोल रत्न, उनका जाना दुखद ड्यू डेट से पहले बिजली बिल चुकाने पर कुल बिल का 0.5 फीसदी छूट दी जायेगी टेली टॉक चीनी (Sugar) June 12, 2018 उत्तर प्रदेश में स्टेट इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन ने बिजली की नई दरों का ऐलान कर दिया है. अब उपभोक्ताओं को ज्यादा बिल देना होगा. घरेलू उपभोक्ताओं के लिए औसत बढ़ोतरी 12 फीसदी होगी. ये फैसला निकाय चुनाव खत्म होने के अगले ही दिन आ गया. विपक्ष इस बढ़ोतरी को तानाशाही भरा कदम बता रहा है. Facebook Messengerसब्सक्राइब     वित्त मंत्री ने विभाग के अधिकारियों से क्षेत्र के सभी 17 फीडरों बारे विस्तृत जानकारी ली तथा अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी फीडरों पर लाइन लॉस कम करवाने के प्रयास करें। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के कुछ फीडरों पर लाइन लॉस 20 प्रतिशत से कम कर लिया जाता है तो ये क्षेत्र के अन्य गांवों के लिए एक मिसाल होंगे। इससे लोगों को इस योजना में शामिल हुए फीडरों से होने वाले फायदों का पता चलेगा। मांडू विधायक आमने-सामने एसडीपीओ, बड़कागांव थाना बोलीविया की माली हालत खस्ता, लेकिन राष्ट्रपति ने अपने लिए 238 करोड़ रु. में बनवाया 29 मंजिला घर 21 mins 10 दिन में 1 रुपये प्रति लीटर कम हुए पेट्रोल के दाम, डीजल में भी गिरावट मध्यप्रदेश शासन, भारत नई दिल्ली। भारत में अब सोलर पावर की कीमतें रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच सकती हैं। अमेरिका की कंपनी सन एडिसन ने भारत में सबसे कम कीमत पर सोलर बिजली बनाने का प्रोजेक्ट हासिल किया है। मिनिस्ट्री ऑफ न्यू एंड रिन्युएबिल एनर्जी (एमएनआरई) ने आंध्र प्रदेश में 500 मेगावाट के सोलर पार्क के लिए बोलियां मंगवाई थी, जिसमें सन एडिसन ने 4.63 रुपए प्रति यूनिट की बोली लगाकर प्रोजेक्ट हासिल किया है, जो कि देश में सबसे कम है। इससे सस्ती बिजली मिलने की उम्मीद है, वहीं सोलर पावर कंपनियों के बीच प्राइस वार छिड़ सकती है। वीकेंड पर कमाई के रिकॉर्ड तोड़ सकती है 'गोल्ड' और 'सत्यमेव जयते', जारी है अक्षय-जॉन की कड़ी टक्कर सेनिटेशन Sarkari Result टॉपर्स के निबंध शर्तें तथा उपबंध मध्यप्रदेश। देश में सबसे ज्यादा महंगी बिजली देने वाले बीजेपी शासित मध्य प्रदेश में एक बार फिर से बिजली के दाम बढ़ा दिए गए हैं। घरेलू बिजली दरों में एकमुश्त 7.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी गई है। सोमवार से ये बढ़ी हुई दरें लागू हो गई हैं। बिजली की नई दरों से सबसे ज्यादा बोझ मध्यम वर्ग पर पड़ने वाला है।  उत्पाद का नाम: 1 चरण बिजली प्रीपेमेंट मीटर पारेशण Notify me of follow-up comments by email. समाजसेवी बड़कागांव, निवेदक प्रखंड अध्यक्ष नन्दलाल राणा सह प्रखंड कमेटी सदस्य बड़कागांव Citizen Journalism रामपुर की दूरदराज पंचायत में फटा बादल, आधा दर्जन पुल बहे कज शर्मा सामाजिक कार्यकर्ता व संवेदक ग्रामीण कार्य विभाग 51-100        2.90        6.40     ऊर्चा मंत्री के निर्देश पर शुरु हुआ बिजली काटो, बिल वसूलो अभियान मुख्य ख़बरे Web Title  अरविंद केजरीवाल ने बताया कि इस ऐलान से दिल्ली के 38 लाख ग्राहकों को फायदा होगा। इसके पहले अरविंद केजरीवाल ने बिजली कंपनियों की ऑडिट के लिए सीएजी से भी मुलाकात की थी। सीएजी ऑडिट करने के लिए तैयार भी हो गया है। इस बीच बिजली कंपनियों से ऑडिट पर उनका जवाब मांगा गया है। कंपनियों को कल तक जवाब देना है। पिछले वर्ष विनियामक आयोग की अनुशंसा के बाद राज्य सरकार ने अलग-अलग स्लैब में सब्सिडी की घोषणा की थी लिहाजा इस बार भी विभाग के मुखिया ने सब्सिडी देने की बात कही है। हालांकि सरकार संबंधित उपभोक्ताओं को उसके बिजली बिल पर कितने रुपये की सब्सिडी देगी इसका खुलासा नहीं हुआ है। लेकिन, बिजली की शुल्क में बढ़ोतरी के तुरंत बाद ही विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने सब्सिडी देने की बात कही है। स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं अभी अभी   Trending News सरकार ने घाटा किया दूर सरल बिजली बिल स्कीम में मुख्यमंत्री जन कल्याण (संबल) योजना-2018 में पंजीकृत श्रमिक उपभोक्ताओं को घरेलू कनेक्शन के लिए प्रति माह 200 रुपये अथवा पिछले 12 माह का औसत जो भी कम हो, का बिल ही भरना होगा। बिल की शेष राशि राज्य सरकार सब्सिडी के रूप में भरेगी। स्कीम का लाभ 88 लाख श्रमिक उपभोक्ताओं को मिलेगा। श्रमिकों के हक में मध्यप्रदेश सरकार द्वारा उठाया गया यह सबसे बड़ा कदम है। स्कीम के लागू होने से अब श्रमिक की आय का एक बड़ा हिस्सा बिजली खर्च से बचेगा। बची हुई यह राशि उनके बच्चों की पढ़ाई-लिखाई आदि में खर्च हो सकेगी। स्कीम का स्वरूप न सिर्फ व्यापक है बल्कि श्रमिकों का व्यापक हित भी इससे जुड़ा हुआ है, जिसके दूरगामी परिणाम सुखद होंगें। यह प्रावधान रखा गया है कि पंजीकृत श्रमिकों के परिवार की समग्र आई.डी. में दिखाये गये सदस्यों में से कोई भी उपभोक्ता होने पर वह लाभ का पात्र होगा। अगर उपभोक्ता चाहे तो नि:शुल्क नामांतरण भी करवा सकता है। नो पार्किंग में गाड़ी खड़ी करने वालों को नहीं छोड़ेगी पटना पुलिस, ठोकेगी 13 सौ का जुर्माना भी BIHAR विचार आइपीएस अधिकारी मयंक जैन की सेवाएं समाप्त, 100 करोड़ की... बिजली कंपनी KEDL का विरोध : महिलाओं ने गुलदस्ता और धोवना दिखाकर की अधिकारियों से वापस जाने की मांग Hindustantimes.com असम अगर उज्ज्वला योजना का लाभार्थी को लोन लेता है, तब एलपीजी चूल्हे और सिलेंडर दोनों की क़ीमत ऑइल मार्केटिंग कंपनी (ओएमसी) द्वारा हर रिफिल के बाद लाभार्थी को मिलने वाली सब्सिडी की रकम से मासिक किश्तों में सब्सिडी से ली जाती है. वृष राशि वालों आज का दिन आपके परिवार के लिए काफी अच्छा है। फैमिली मेम्बर्स के साथ किया गया काम सफल......Read more ट्रेंडिंग टॉपिक्स वर्ल्ड बैंक के मुताबिक भारत में निष्क्रिय खातों की संख्या 48 फीसदी है जो कि पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा है. ये विकासशील देशों के औसत आंकड़े 25 फीसदी से लगभग दोगुना है. आवेग वोल्टेज की प्रतिरक्षा Go to Home >> 0 बिल वसूली की धीमी रफ्तार, 86.97 से केवल 90.08 फीसद हुई। XII योजना अब मीडिया सरकार के कामकाज पर नजर नहीं रखता बल्कि सरकार मीडिया पर नजर रखती है यहां काम करने की जरूरत रेडियो Saturday 18 August 2018 मंदिर कील-मुंहासे से छुटकारा दिलाए इलायची सरकार की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया है कि सबसिडी की राशि बिजली कंपनियों के खाते में भेज दी जाएगी। इसे बिजली कंपनियां उपभोक्ताओं के बिल से समायोजित कर लेंगी। साथ ही, बिजली कंपनियों को सूचित कर दिया गया है कि उपभोक्ताओं को सबसिडी का वास्तविक लाभ मिलने की बात पुष्ट करने के लिए सरकार बिजली कंपनियों का किसी स्वतंत्र एजेंसी से विशेष ऑडिट करा सकती है। जर्मन सीखिये Back Top उपभोक्ता-पिछली दर-नई दर धनु मेरी कहानी सम्पर्क Go to a person's profile भाजपा नेता सह पार्षद आदित्यपुर नगर निगम वार्ड संख्या 16 बिहार विद्युत नियामक आयोग (बीईआरसी) ने 2016-17 में बिजली दर में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किए जाने का निर्णय लिया है जो कि प्रदेश के विद्युत उपभोक्ता के लिए राहत की बात है। नार्थ एंड साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने आयोग के समक्ष गत वर्ष दिसंबर महीने में याचिका दायर की थी जिसमें वित्तीय वर्ष 2016-17 में बिजली दर में करीब 7 प्रतिशत की वृद्धि किए जाने का प्रस्ताव रखा था। ACKNOWLEDGMENT Live Cricket Score बिजली दर में बढढ़ोतरी आवश्यक : अरविंद प्रसाद CIN: U74140DL2015NPL285224 टी 20 मैच में जीता पांचाल वॉरियर्स Hockey फैशन और स्टाइल भी बदलता रहता है.अपनी एज के मुताबिक फैशन फॉलो करने के चक्कर में कई बार महिलाएं इस…     इसके लिए उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों को गांव-गांव जाकर जागरूकता कैंप लगाकर लोगों को इस योजना के बारे में बताने को कहा ताकि वे इसका लाभ उठा सकें। इसके साथ-साथ इन शिविरों में ढाणियों में बिजली उपलब्ध करवाने के लिए सौभाग्य योजना की भी जानकारी लोगों को देने के संबंध में उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए। प्रतिक्रिया दें सोलन बांदा FOLLOW (36) साइंस & टेक Altmas Khan on राहुल गांधी फोन नंबर,Whatsapp नंबर,ईमेल बिजली कंपनियां दो तरह से बिजली खरीदती हैं। वह बिजली उत्पादक कंपनी से 10 या 20 साल के लिए लॉन्ग टर्म अग्रीमेंट करती है या फिर जरूरत के मुताबिक शॉर्ट टर्म अग्रीमेंट होता है। यह पावर एक्सचेंज के जरिए या फिर बाइलेटरल (द्विपक्षीय) हो सकता है। जहां से बिजली मिल जाए वहीं से कंपनियां बिजली खरीद लेती हैं। अभी इस तरह का कोई सिस्टम नहीं है कि अगर बिजली कंपनी कम दाम पर बिजली खरीदे तो उन्हें कुछ फायदा हो। बिजली कंपनियां जिस दाम पर बिजली खरीदती है वह उसके खर्च में जुड़ जाता है और आखिरकार वह खर्च उपभोक्ताओं के हिस्से में आता है। अगर बिजली कंपनियां कम दाम पर बिजली लेंगी तो उपभोक्ताओं पर भी कम बोझ पड़ेगा। सस्ता बिजली प्रदाता - विद्युत कैसे बचाएं सस्ता बिजली प्रदाता - आज से शुरुआत करें सस्ता बिजली प्रदाता - विद्युत खुदरा विक्रेताओं
Legal | Sitemap