中文(简体) वित्त वर्ष 2017-18 में इनकम टैक्स कलेक्शन रिकॉर्ड 10.03 लाख करोड़ रुपए, 6.92 करोड़ लोगों ने रिटर्न भरा 44 mins DB Live Cafeteria PRIVACY POLICY सरकार ने बिजली से वंचित सभी गांवों में एक मई 2018 तक विद्युत पहुंचाने का लक्ष्य रखा है. इसी प्रकार सरकार का मार्च 2019 तक सातों दिन 24 घंटे बिजली पहुंचाने का लक्ष्य है. PREV श्रम एवं रोजगार सिक्कालेख -घरेलू एवं गैर घरेलू उपभोक्ताओं की टेलीस्कोपिक दरें लागू रहेंगी। सरकारी योजनाओं के बारे में अंग्रेजी में पढ़ें  हाई टेंशन टॉवर विद्युत योजना के लिए चार लाख रुपये मंजूर चंपारण (पू) स्वीट हार्ट डील: काकरिया के मुताबिक डायल सहित कुछ एजेंसियों के साथ बिजली कंपनियों की स्वीट हार्ट डील है। इन्हें पब्लिक यूटिलिटी के नाम पर सस्ते में बिजली दी जाती है जबकि वहां शोरूम, पब, रेस्टोरेंट चल रहे हैं जो जरूरत से ज्यादा बिजली यूज करते हैं। इनका बोझ भी आम कंज्यूमर की जेब पर पड़ता है। इसलिए स्वीट हार्ट डील खत्म होनी चाहिए। डेढ़ साल में 10 हजार फ्लैट दे देंगेः सुपरटेक फीफा 2018 दीपिका रणवीर इटली में रचाएंगे ब्याह, मेहमानों को इस वजह से मोबाइल लाने की मनाही पुष्कर में सोमवारी को कांवड़ के साथ झूमते दिखे शिवभक्त आयोग के अध्यक्ष देशदीपक वर्मा ने बताया कि एक अप्रैल से रेग्युलेटरी सरचार्ज प्रथम को खत्म माना जाएगा। उन्होंने बताया कि पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन राजस्व वसूली और लाइन लॉस के लक्ष्य को पूरा करने में नाकाम रहा है। इसलिए उपभोक्ताओं से दोहरा रेग्युलेटरी सरचार्ज वसूलने का उसे कोई अधिकार नहीं है। ईडीएफ यह प्रोजेक्‍ट अरेवा से टेक ओवर करेगी। अरेवा ने यह कॉन्‍ट्रैक्‍ट 2009 में हासिल किया था। ईडीएफ, इसमें 84 फीसदी हिस्‍सेदारी फ्रांस सरकार की है, ने जुलाई 2015 में अरेवा में नियंत्रण हिस्‍सेदारी हासिल करने के बाद इस प्रोजेक्‍ट को अपने हाथ में लिया है। अरेवा, इसमें भी फ्रांस सरकार की बड़ी हिस्‍सेदारी है, इस प्रोजेक्‍ट को शुरू नहीं कर पाई, क्‍योंकि एनपीसीआईएल के साथ प्रोजेक्‍ट कॉस्‍ट को लेकर कुछ विवाद था और स्‍थानीय लोगों भी इस प्रोजेक्‍ट का विरोध कर रहे हैं। जैतापुर भूकंप की दृष्टि से सक्रिय क्षेत्र में स्थित है, इसलिए पर्यावरणविद इससे भारी नुकसान की आंशका जता रहे हैं। जैविक खेती फ़ोटो गैलरी August 9, 2018 सोशल वायरल इसी तरह शहरी इलाकों में, एकीकृत ऊर्जा विकास योजना (आईपीडीएस) बिजली प्रदान करने के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचा बनाने के लिए शुरू की गयी है, लेकिन कुछ घर अभी तक अपनी आर्थिक स्थिति के कारण मुख्य रूप से नहीं जुड़ पायें हैं क्योंकि वे प्रारंभिक कनेक्शन शुल्क का भुगतान करने में सक्षम नहीं हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सौभाग्य-प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना की शुरुआत की, जिसका उद्देश्य उन सभी घरों तक बिजली पहुँचाना है, जहाँ अभी तक नहीं पहुँची  है। चंड़ीगढ़ नवीनगर3.98 3.84 हाल में हुए परिवर्तन लोग चाहते हैं मैं राजनीतिक टिप्पणी करूं लेकिन मैं किसी की निंदा नहीं करताः वरुण गांधी बिजनेस ग्रामीण क्षेत्र      केजरीवाल सरकार पर बिजली कंपनियों से मिली भगत का आरोप रिपोर्ट्स अटल जी के अंतिम दर्शन करने पहुचे लालकृष्ण आडवाणी दिल्ली कांग्रेस दफ्तर में शीला दीक्षित, अजय माकन, हारून यूसुफ, अरविंदर लवली, सज्जन कुमार और महाबल मिश्रा समेत कई पूर्व विधायक और सांसदों की बैठक हुई. बैठक में अगले 1 महीने केजरीवाल सरकार को जनता के बीच जमीन पर घेरने के लिए रणनीति बनाने पर विचार किया गया. धनबाद : कौशल विकास प्रशिक्षक मेयर का घेराव व पुतला दहन करेंगे राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को 3.10 रुपये प्रति यूनिट, तो शहरी क्षेत्र के घरेलू उपभोक्ताओं को 1.48 रुपये प्रति यूनिट सब्सिडी देगी. मालूम हो कि राज्य विद्युत विनियामक आयोग ने 24 मार्च को बिना सब्सिडी के बिजली दरों का एलान किया था, जिसमें औसतन 55% का इजाफा किया गया था. इसके बाद उसी दिन देर शाम मुख्यमंत्री की ओर से सब्सिडी जारी रखने का एलान किया गया था. अब सब्सिडी के एलान के बाद बिजली दरों में मात्र 20 फीसदी वृद्धि होगी. सदन में मुख्यमंत्री ने कहा कि अब बिजली बिल में प्रति यूनिट बिजली आपूर्ति लागत और सरकार द्वारा दी गयी सब्सिडी का अलग-अलग ब्योरा दिया जायेगा. Newer Post Older Post Home 1991 —  27.6 प्रतिशत ठोस परावैद्युत प्रयोगशाला Copyright © 2018 Hindustan Media Ventures Limited. All Rights Reserved. बोले धरनार्थी : विद्युत विभाग की लापरवाही के कारण साहेबपुर कमाल मेंं बिजली आपूर्ति चौपट June 28, 2018 भुगतान & नौवहन नियमों: कुछ ही देर में शुरू होगी प्रियंका-निक की पार्टी, शामिल हो सकते हैं ये सितारे तमिर-ए-हरियाणा India Today Conclave प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत करीब छह लाख करोड़ रुपये 12 करोड़ लोगों के बीच दिए गए हैं. हाल ही में द वायर  की आई एक रिपोर्ट के मुताबिक पांच लाख से ज्यादा का लोन लेने वालों, जिससे कि वाकई में रोजगार किया जा सकता है, की संख्या बहुत ही कम है. यह अब तक योजना के तहत दिए गए लोन का सिर्फ 1.3 फीसदी ही है. ज्यादातर लोन 50,000 से कम या फिर  50,000  और 5 लाख के बीच के है. Story पिंटू दत्ता रांची : जनहित में बिजली दर कम करें, नहीं तो होगा जन-आंदोलन- सुबोध कांत सहाय  कृषि(25 एचपी तक)- 5.70 - 5.00 उबर इट्स का नया 'ऐड फंडा', बिरयानी के ऐड में छाया 'जलेबी बॉय' नालंदा पीसांगन| नसीराबादविधानसभा के ग्राम रामसर की ढाणी में विद्युत योजना के 4लाख रुपये स्वीकृत किये। अजमेर... सेब (Apple) बिरौल: हमलोगो ने वाजपेयी ऐसे अविभावक को खो दिया !! अभिजीत राज पूरक परीक्षण सुविधा तेज रफ्तार कार पेड़ और खंबे से टकराने के बाद... इस आईपीएस पर फ़िदा हुई पंजाब की महिला, मिलने की जिद पर उज्जैन आ पहुंची टेक रिव्यू accident - फोटो : graphic डिजाइन सेवाएँ प्रदेश में शहर से लेकर गांव के तक की बिजली शनिवार से महंगी हो जाएगी। शहरी घरेलू बिजली दरें 8.46 फीसदी जबकि ग्रामीण अनमीटर्ड उपभोक्ताओं की दरें 63 फीसदी और ग्रामीण मीटर्ड उपभोक्ताओं की दरें 57.02 फीसदी बढ़ जाएंगी। कर्क बिहार विद्युत नियामक आयोग (बीईआरसी) ने 2016-17 में बिजली दर में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किए जाने का निर्णय लिया है जो कि प्रदेश के विद्युत उपभोक्ता के लिए राहत की बात है। अन्य... Gaya आयोग के अध्यक्ष सुभाष कुमार ने बताया कि इस साल के लिए बिजली की नई दरें इस प्रकार हैं- 200 यूनिट से ऊपर घरेलू बिजली 3 पैसे प्रति यूनिट महंगी की गई है. सिर्फ इसी कैटेगरी में बिजली दरें बढ़ी हैं. कुमार ने बताया कि कृषि उपयोग के लिए प्रति यूनिट 1.10 रुपये ही टैरिफ लगेगा मतलब किसानों को प्रति यूनिट 5.65 रुपये की सब्सिडी उपलब्ध होगी. YouTube माकअप टावर FOLLOW US: WhatsApp दुकान के आकार नहीं बल्कि सर्विस से होती है ग्राहक को संतुष्टि posted on August 18, 2018 विभाग/ एकक कुटीर ज्योति 6.08 3.58 2.50 3.44 3.17 क्रिकेट की बात कॉन्टेस्ट उपभोक्ता के जून, 2018 तक के बिल में देय मूल बकाया राशि और सम्पूर्ण सरचार्ज राशि माफ की जावेगी। इसके लिए आवेदन मिलने के बाद बकाया माफी प्रमाण-पत्र भी जारी किया जाएगा। सरचार्ज की पूरी रा‍शि एवं मूल बकाया राशि का 50 प्रतिशत वितरण कंपनी द्वारा माफ किया जायेगा तथा शेष 50 प्रतिशत राज्य शासन द्वारा वहन किया जायेगा। इसकी एवज् में राज्य शासन द्वारा तीन वर्ष अथवा 2018-19, 2019-20 एवं 2020-21 में सब्सिडी दी जायेगी। स्कीम में संबल योजना में पंजीकृत और बीपीएल श्रेणी के वे उपभोक्ता भी शामिल हो सकते हैं, जिन पर सामान्य बिजली बिल की राशि बकाया है और जिन्होंने बकाया राशि बाबत् न्यायालयीन प्रकरण दर्ज किया है और प्रकरण लंबित है। ऐसे उपभोक्ता जिन पर बिल की राशि बकाया होने से कनेक्शन स्थायी अथवा अस्थायी रूप से विच्छेदित किया गया था और जिन पर विद्युत अधिनियम की धारा 126, 135 या 138 में प्रकरण दर्ज हो और उनके बिल की राशि बकाया हो, ऐसे उपभोक्ताओं की निर्धारण अधिकारी द्वारा जारी निर्धारण आदेश की कंपाउडिंग फीस और देय ब्याज इत्यादि सहित पहले की बकाया समेत पूरी राशि माफ की जाएगी। पात्र हितग्राहियों के उपरोक्तानुसार निराकरण के बाद विशेष विद्युत न्यायालयों में दर्ज सभी प्रकरणों को समाप्त करने की कार्यवाही शुरू की जाएगी। पहले के वर्षो से जारी समाधान योजना में लाभ ले चुके घरेलू उपभोक्ता पात्रता के अनुसार इस स्कीम में फिर लाभ ले सकेंगे। बजट में सरकार ने दिया स्टैंडर्ड डिडक्शन का फायदा, जानिए क्या होता है ये? ©cea.nic.in - केन्द्रीय विद्युत प्राधिकरण, सेवा भवन, रामाकृष्ण पुरम, सेक्टर-1, नई दिल्ली - 110 066 सस्ता बिजली प्रदाता - बिजली की तुलना करें सस्ता बिजली प्रदाता - सस्ता बिजली और गैस सस्ता बिजली प्रदाता - डलास में सस्ता बिजली
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