आरएसएस पावर प्लांट लगाने के लिए सरकार निविदा निकालेगी. बताया जाता है कि तीन-चार कंपनियां ने इस सिलसिले में ऊर्जा विभाग और राज्य पावर जेनरेशन बिजली कंपनी से संपर्क भी किया है. कंपनी सूत्रों के अनुसार जो कंपनी राज्य को सस्ती बिजली देगी उसे सोलर पावर प्लांट लगाने में प्राथमिकता मिलेगी. पीरपैंती व कजरा में जमीन उपलब्ध है.  इमरान खान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के रूप में आज लेंगे शपथ Copyright @2017-2018, All Rights Reserevd मंत्रिमंडल मूवी मस्ती पंचायत चुनाव: प. बंगाल में भाजपा को सुप्रीम कोर्ट से झटका अगली कहानी पावर परचेज मैकेनिजम : आरडब्लूए प्रतिनिधि अनिल सूद ने कहा कि बिजली कंपनियां सरप्लस बिजली किस रेट पर बेच रही हैं और किस रेट पर खरीद रही हैं, इसे ट्रांसपेरेंट होना चाहिए और पब्लिक स्क्रूटनी के लिए खुला होना चाहिए। अगर पावर एक्सचेंज में बिजली 3 रुपये प्रति यूनिट बिक रही है और दिल्ली की कंपनियां उसे 2 रुपये में बेच रही हैं तो पब्लिक इसकी मॉनिटरिंग करेगी और गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं रहेगी। बढ़ते: 35 मिमी दीन एयर इंडिया पायलटों की धमकी- अगर बकाया उड़ान भत्ता नहीं चुकाया तो फ्लाइट ऑपरेशंस रोक देंगे 22 mins मुरैना Insulation Copyright © 2018 Ushodaya Enterprises Pvt. Ltd., All Rights Reserved. नाराज महिलाएं बोली- हजारों में बिल देंगे तो खाएंगे क्या साहब हिन्‍द गजट कैग ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि उत्तराखंड सरकार की महत्वाकांक्षी योजना थी कि वह अपनी जलशक्ति का उपयोग तथा विकास सरकारी तथा निजी क्षेत्र के सहयोग से करेगा। राज्य की जल-विद्युत बनाने की नीति अक्टूबर 2002 को बनी। उसका मुख्य उद्देश्य था राज्य को ऊर्जा प्रदेश बनाया जाय और उसकी बनाई बिजली राज्य को ही नहीं बल्कि देश के उत्तरी विद्युत वितरण केन्द्र को भी मिले। उसके निजी क्षेत्र की जल-विद्युत योजनाओं के कार्यांवयन की बांट, क्रिया तथा पर्यावरण पर प्रभाव को जाँचने तथा निरीक्षण करने के बाद पता लगा कि 48 योजनाएं जो 1993 से 2006 तक स्वीकृत की गई थीं, 15 वर्षों के बाद केवल दस प्रतिशत ही पूरी हो पाईं। उन सब की विद्युत उत्पादन क्षमता 2,423.10 मेगावाट आंकी गई थी, लेकिन मार्च 2009 तक वह केवल 418.05 मेगावाट ही हो पाईं। इसका कैग के अनुसार मुख्य कारण थे भूमि प्राप्ति में देरी, वन विभाग से समय पर आज्ञा न ले पाना तथा विद्युत उत्पादन क्षमता में लगातार बदलाव करते रहना, जिससे राज्य सरकार को आर्थिक हानि हुई। अन्य प्रमुख कारण थे, योजना संभावनाओं की अपूर्ण समीक्षा, उनके कार्यान्वयन में कमी तथा उनका सही मूल्यांकन, जिसे उत्तराखंड जल विद्युत निगम लिमिटेड को करना था, न कर पाना। प्रगति की जाँच के लिए सही मूल्यांकन पद्धति की आवश्यकता थी जो बनाने, मशीनरी तथा सामान लगने के समय में हुई त्रुटियों को जाँच करने का काम नहीं कर पाई, न ही यह निश्चित कर पाई कि वह त्रुटियाँ फिर न हों। निजी कंपनियों पर समझौते की जो शर्तें लगाई गई थीं उनका पालन भी नहीं हो पाया। धर्म कर्म 100 से अधिक       3.15 राष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य योजनाओं पर समिति शिवपुरी हादसाः झरने में आई बाढ़ में फंसे सभी 45 लोगों को सुरक्षित निकाला गया अंतरराष्ट्रीय Address : Civil Lines, Pucca Bagh Jalandhar Punjab 5 किलोवाट से अधिक और 50 किलोवाट या 56 केवीए तक के लोड के लिए 300 रुपये प्रति किलोवाट सिस्टम लोडिंग चार्ज जमा कराया जाता था। अब 5 किलोवाट तक कोई सिस्टम लोडिंग चार्ज नहीं देना होगा। अलबत्ता 5 किलोवाट से ऊपर के कनेक्शन के लिए पहले की ही तरह 300 रुपये प्रति किलोवाट के हिसाब से सिस्टम लोडिंग चार्ज जमा कराया जाएगा। शराब, पेट्रोलियम, रियल एस्टेट और बिजली GST से बाहर क्यों? म.प्र. माध्यम योजना की पात्रता शर्तों इस प्रकार हैं – उस उद्यम को राज्य सरकार द्वारा समय-समय पर अधिसूचित प्रतिबंधित सूची में न रखा गया हो। इसके अलावा, सब्सिडी जारी करने के समय उद्यम नियमित उत्पादन कर रहा हो और यह सब्सिडी बंद इकाइयों को जारी नहीं की जाएगी। पैकेजिंग विवरण: दफ़्ती Hindi NewsPhotomazzaBusiness PhotogalleryDeendayal Electricity Scheme 12:48 AM - 18 Aug 2015 आगराः बिजली कंपनी के वाहन की चपेट में आने से बालक की मौत, हंगामा हाउस आवंटन नियम और फॉर्म Infographics चम्पावत रोगियों की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाती है ये नई एचआईवी थेरेपी इन धमाकेदार गाड़ियों का बेसब्री से है इंतज़ार Keep yourself updated with National News. We are first to cover The National Latest News as they take place. All the upcoming National Politics News, Crime News in Hindi is available exclusively on www.punjabkesari.in . We are committed to provide you all Latest,Breaking News of Nation. 1152 Lalit Saxena | Publish: Jun, 17 2018 05:00:00 AM (IST) Ujjain, Madhya Pradesh, India Get the best positive stories straight into your inbox! Show — त्वरित सम्पर्क Hide — त्वरित सम्पर्क Pinterest Here's the URL for this Tweet. Copy it to easily share with friends. चकल्लस के टॉपर # Dehradun News Live Today पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी के निधन पर हिमाचल में दो दिन का अवकाश एक उद्धरण की विनती करे Locations Wishes स्कीम की सबसे बड़ी खासियत यह है कि न्यायालयीन अथवा चोरी के प्रकरणों के अलावा पूर्व में समाधान योजना का लाभ ले चुके उपभोक्ता भी पात्र होंगे। इसके अलावा यदि पंजीकृत श्रमिक के पास घरेलू बिजली कनेक्शन नहीं है तो उसे भी फ्री में कनेक्शन दिया जायेगा तथा कोई सुरक्षा-निधि नहीं ली जायेगी। एक जुलाई से लागू स्कीम में पंजीकृत श्रमिक और बीपीएल उपभोक्ताओं के 30 जून 2018 की स्थिति के बकाया लगभग 5200 करोड़ के घरेलू बिल माफ कर दिये गये हैं। इसका सीधा लाभ 77 लाख उपभोक्ताओं को मिला है। इसमें बीपीएल श्रेणी के उपभोक्ता भी शामिल है। कील-मुंहासे से छुटकारा दिलाए इलायची कार्ड और खातों को लिंक बिजली कंपनी जून अंत तक कर लेगी। योजना के तहत असंगठित मजदूरों के कार्डधारी परिवारों के लिए 200 रुपए में पूरे महीने बिजली दी जाएगी। शासन ने असंगठित श्रेणी के मजदूरों के हाल ही में पंजीयन कराने के बाद कार्ड बनाए हैं, योजना के तहत भी कार्ड के नंबर से बिजली खातों को लिंक किया जाएगा। रुड़की Email or Phone Password गैजेट-ऑटो अपडेट: इस दिन होगी Jio Phone 2 की अगली सेल, जानिए क्या है कीमत; पढ़ें ऐसी ही अन्य खबरें इस राज्य के यूजर्स ध्यान दें, JIO समेत ये कंपनियां दे रही हैं फ्री कॉलिंग व डाटा अधिक लेटेस्ट खबरों के लिए यहां क्लिक  करें। सूचक: नेतृत्व में सटीकता: कक्षा 1 एस Jharkhand Latest News Your email address गैर-पारंपरिक हाइड्रोकार्बन की खोज और दोहन के लिये नीति-रूपरेखाAug 02, 2018 अधिनियम/नियम Bangla फिल्म रिव्यू शारदा प्रसाद के पैनल ने पाया है कि नेशनल स्किल डेवलपमेंट  प्रोग्राम 2015 के तहत 40 करोड़ युवाओं को स्किल यानी कौशल सिखाने की योजना बहुत बड़ी, ग़ैर-जरूरी और असाध्य है. Vijender Gupta होम भारतीय संसद हसनैन आलम उर्फ टिंकू By Deshwani | Publish Date: 21/3/2018 5:03:30 PM August 18, 2018 seoni 0 सोलर रुफटाप को सरकार दे रही है बढ़ावा दिल्ली की जनता का आर्थिक दोहन करने के लिए बिजली कंपनियों ने डीईआरसी को पावर परचेज एडजस्टमेंट चार्जेज का तिमाही प्रतिवेदन अभी तक नहीं दिया है। दिल्ली सरकार अगर जनता का भला चाहती तो वो बिजली कंपनियों को नोटिस भेजकर डीईआरसी में प्रतिवेदन देने के लिए मजबूर कर सकती थी। सरकार ने ऐसा नहीं किया। बिजली कंपनियों ने प्रतिवेदन न देने के पीछे बहाना बनाया है कि अभी तक डीईआरसी का चेयरमैन नियुक्त नहीं हुआ है, एक सदस्य की सीट भी खाली है। डीईआरसी में सिर्फ एक ही सदस्य कार्यरत है । डीएम दिवाकर ने कहा कि शराब के साथ भी यही बात है. उन्होंने कहा कि सरकार शराब माफ़ियाओं पर नियंत्रण करना चाहती तो सबसे पहले उसे जीएसटी के दायरे में लाती. पर्दे के पीछे Bombay श्रेणी कुल टैरिफ सब्सिडी वास्तविक देय प.बंगाल यूपी   Read More: Lakhisarai Bihar Hindi News Jagran Newsविद्युत योजनासात हजारग्रामीण उपभोक्ता ANURAG THAKUR Get 3 Months FREE Magazine (Current Affairs Today) Subscription NewsCode Jharkhand | 28 April, 2018 5:04 PM 100 से अधिक       3.15 Web Title: Paytm से भरेंगे बिजली बिल तो मिलेगी 200 रुपए तक की छूट 0 replies 0 retweets 1 like X आर.ओ./ए.आर.ओ. बिजली कंपनियों को मिलेगा सस्ता कर्ज 26 अगस्त को है रक्षाबंधन, जानिए शुभ मुहूर्त Lalit Saxena | Publish: Jun, 17 2018 05:00:00 AM (IST) Ujjain, Madhya Pradesh, India जमीनी विवाद में मारी गोली, मौके पर मौत दिवाकर ने कहा, ''शिक्षा पर भी जीएसटी कर नहीं लगेगा. ऐसे में शिक्षा का निजीकरण बढ़ेगा. कोई कैसे मान ले कि प्राइवेट स्कूलों की कमाई नहीं होती है? और अगर होती है तो फिर इन्हें जीएसटी के दायरे में क्यों नहीं लाया गया? जीएसटी पूंजीपतियों के हिसाब से मार्केट बनाने की प्रक्रिया है.'' चम्पावत ऑटो न्यूज़ Tilak Nagar, New Delhi झटका : बिहार में बिजली पांच फीसदी हुई महंगी, जानें क्या है नई दर  सोने की गिन्नी (GOLDGUINEA) हिमाचल प्रदेश DB Quiz Capricorn (मकर) धनबाद : बुलेट की सवारी करने का शौकीन है ये बुलेट राजा लंगूर Jalandhar जयनारायण मुंडा अमरूद एवं आंवला के पौधों की नीलामी होगी, टैण्डर 21 अगस्त तक आमंत्रित ट्रेन्ट ब्रिज 16 जीवन-शैली मंदिर सीएचसी चंदनकियारी THE PROBLEM:Mickler's Landing Beach is the largest public beach in St. Johns County (SJC), Florida*, and it is in desperate need of restoration after being devastated by hurricanes and nor' easters. This… Read more विद्युत के प्रधान क्षेत्र ( इस वेबसाइट से जुड़ा कोई भी सुझाव देने के लिये 8130392355 नम्बर पर वाट्सएप मैसेज भेजें। ) Deutschlehrer-Info Mobile Site मंत्रालय के संगठनात्मक सेटअप संन्यासी के पास इतना सोना कहां से आया? विद्युत प्रदायक बदलें - ऊर्जा कंपनियों की तुलना करें विद्युत प्रदायक बदलें - ऊर्जा स्विच करें विद्युत प्रदायक बदलें - बिजनेस बिजली
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