VIDEO: पुल पर कार्य के चलते लग रहा घंटों तक जाम, नहीं की गई वैकल्पिक व्यवस्था 95% तक हाल की घटनाएँ Play Store DEHRADUN: केंद्रीय ऊर्जा राज्यमंत्री आरके सिंह व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत की मौजूदगी में फ्राइडे को शहर के पवेलियन ग्राउंड में 'सौभाग्य' प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना का शुभारंभ हुआ. योजना के जरिए प्रदेश में बिजली से वंचित घरों को बिजली के कनेक्शन दिए जाने का लक्ष्य रखा गया है. इस योजना को एक साथ राज्य के सभी जिलों में भी शुरू किया गया. लोकप्रिय श्रेणियों इसके तहत 9 वाट का एलईडी बल्ब 65 रुपये में, ट्यूबलाइट 230 रुपये और फाइव स्टार पंखा 115 रुपये में दिया जा रहा है। इससे बिजली कम यूज होगी और लोगों के बिजली बिल कम आएंगे। हालाकि खरीदने वाले उपभोक्ताओं के उपकरण में अगर कोई खराबी आती है तो उसे चेंज कर दिया जाएगा। Districts इसके अलावा बिहार और उत्तर प्रदेश से 33 केवी और 132 केवी रेडियल मोड में नेपाल को मामूली विद्युत का निर्यात करता रहा है। भारत नेपाल को 11 केवी, 33 केवी और 132 केवी लेवल पर 12000 से अधिक सीमापार इंटरकनेक्शनों के लिये लगभग 190 मेगावाट विद्युत का निर्यात कर रहा है। 2016 में 400 केवी लाइन क्षमता (132 केवी क्षमता के साथ संचालित) मुजफ्फरपुर (भारत)-धालखेबर (नेपाल) के चालू हो जाने के बाद नेपाल को विद्युत निर्यात में लगभग 145 मेगावाट की वृद्धि हुई। चास : NH 32 अतिक्रमण मुक्त, सड़क चौड़ीकरण को लेकर... मोहन भागवत बोले- 'अटल चले गए विश्वास नहीं हो रहा' ... और पूर्व प्रधानमंत्री ने दे दिए ढाई सौ करोड़ के पैकेज Message in detail नई दिल्ली। भारत में अब सोलर पावर की कीमतें रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच सकती हैं। अमेरिका की कंपनी सन एडिसन ने भारत में सबसे कम कीमत पर सोलर बिजली बनाने का प्रोजेक्ट हासिल किया है। मिनिस्ट्री ऑफ न्यू एंड रिन्युएबिल एनर्जी (एमएनआरई) ने आंध्र प्रदेश में 500 मेगावाट के सोलर पार्क के लिए बोलियां मंगवाई थी, जिसमें सन एडिसन ने 4.63 रुपए प्रति यूनिट की बोली लगाकर प्रोजेक्ट हासिल किया है, जो कि देश में सबसे कम है। इससे सस्ती बिजली मिलने की उम्मीद है, वहीं सोलर पावर कंपनियों के बीच प्राइस वार छिड़ सकती है। Shenzhen Calinmeter Co,.LTD पुष्कर में सोमवारी को कांवड़ के साथ झूमते दिखे शिवभक्त Tags लखिसराय Policies पूंजीपतियों के लिए जीएसटी 51-100        2.90        6.40     प्रिंट मीडिया विज्ञापन नीति By admin October 10, 2016 प्रपत्र 7- एस्टर पावर प्राइवेट लिमिटेड, हैदराबाद निर्वाचित विषयवस्तु धनबाद पी एस ओ ये हैं नयी दरें... सुवासरा धन्यधरा : गोठ एप में जानिए कोरिया जिले में राम वनगमन पथ के बारे में जानकारी होम पेज Day Update © हिन्दुस्तान टीम देश में बिजली की दर एक हो : नीतीश काश, प्रधानमंत्री 15 अगस्त के अपने ‘आखिरी भाषण’ में सच बोलते: कांग्रेस चाईबासा : आरोपी का साला गांव के मेले में जुआ खेलाते हुए नकद के साथ गिरफ्तार   सर्वेक्षण 2018 गैर सरकारी संगठन आप यहाँ हैं: - निजी नलकूप वाले किसानों की दरों में 35.51 तक की वृद्धि हो गई है। राजकीय नलकूप की दरें 19.79 प्रतिशत बढ़ जाएंगी। VIDEO: कॉलेज व्याख्याता भर्ती का परीक्षा परिणाम जारी करने की मांग news bengali news marathi news tamil news malayalam news Gujarati News Telugu News Kannada News zeebiz wion dna INVESTOR INFO सुप्रीम कोर्ट का फोटो। स्वर कोकिला लता मंगेशकर ने अटल जी की कविता 'मौत से ठन गई' गाकर दी श्रद्धांजलि किसानों की आय दोगुनी करने के लिए सरकारी विभाग नहीं जमा कर रहे बिजली बिल, निगम दे रहा ढील पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के कार्यक्रम रिपोर्ट Publish Date:Mon, 09 Jul 2018 08:55 PM (IST) It looks like nothing was found at this location. You can try a search instead. टूल्स और टेक्निक Forgot Password ? लखनऊ कैथल बिजली बिल के भार से दबा उपभोक्ता और बिजली कंपनी की रैंकिंग पहुंची 31वें स्थान पर वेबसाइट नीति Hindi NewsMetroLucknowDevelopmentElectrical Regulatory Commission New Electricity Rate In Uttar Pradesh Promote this Tweet उल्लास, उमंग और उत्साह के साथ समारोहपूर्वक मनाया गया 72 वां स्वतंत्रता दिवस बरनवाल मेडिकल फार्मा, निमीयाघाट # Coal Company आरा © Bhaskar News Network खेल नई दिल्ली: बिजली मंत्री आर के सिंह ने शुक्रवार (24 नवंबर) को कहा कि सरकार हर घर को सातों दिन 24 घंटे सस्ती बिजली देने की दिशा में काम कर रही है और इसका पूरा दायित्व वितरण कंपनियों पर होगा. सिंह ने यह भी कहा कि हम अपतटीय क्षेत्र तथा देश के भीतर मौजूद बड़े जलाशयों में पवन और सौर ऊर्जा परियोजनाएं लगाने पर गौर कर रहे हैं. साथ ही देश में आने वाले समय में सौर ऊर्जा उपकरणों के विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिये परियोजनाओं को विनिर्माण से जोड़ा जाएगा. दिल्ली की जनता का आर्थिक दोहन करने के लिए बिजली कंपनियों ने डीईआरसी को पावर परचेज एडजस्टमेंट चार्जेज का तिमाही प्रतिवेदन अभी तक नहीं दिया है। दिल्ली सरकार अगर जनता का भला चाहती तो वो बिजली कंपनियों को नोटिस भेजकर डीईआरसी में प्रतिवेदन देने के लिए मजबूर कर सकती थी। सरकार ने ऐसा नहीं किया। बिजली कंपनियों ने प्रतिवेदन न देने के पीछे बहाना बनाया है कि अभी तक डीईआरसी का चेयरमैन नियुक्त नहीं हुआ है, एक सदस्य की सीट भी खाली है। डीईआरसी में सिर्फ एक ही सदस्य कार्यरत है । Banking टॉप फाइव में गुजरात व उत्तराखंड की कंपनियां केरल में बाढ़ की स्थिति गंभीर, पीएम का दौरा विद्युत प्रदायक बदलें - सस्ता ऊर्जा विद्युत प्रदायक बदलें - गैस बिजली विद्युत प्रदायक बदलें - इलेक्ट्रिक कंपनियां
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