Our Team ऑन लाईन आवेदन करे वरिष्ठता सूची बोलीविया की माली हालत खस्ता, लेकिन राष्ट्रपति ने अपने लिए 238 करोड़ रु. में बनवाया 29 मंजिला घर 21 mins सेक्शन By admin July 22, 2016 ग्रह दोष : कुंड़ली के दोष निवारण के लिए नहीं खरीद सकते रत्न तो ये सस्ते उपरत्न हो सकते हैं प्रभावशाली 17 mins दिशानिर्देश / संकल्पों / अधिसूचनाएं सिंह राशि वालों आज नई नौकरी मिलने का योग है। आज आर्थिक स्थिति थोड़ी टाइट रहेगी। इस राशि के......Read more  Share अगले साल दिसंबर तक बिहार के हर खेत में पहुंचेगी बिजली: सुशील मोदी Search form 12/07/2010 - 15:50 सरकार की भूमि अधिग्रहण नीति योजनाओं का समयबद्ध रूप से कार्य करने में सबसे बड़ा अवरोध बनी। वन भूमि अधिग्रहण में देखा गया कि 85 दिनों से लेकर 295 दिनों की देरी हुई। कुछ योजनाओं में बिजली की निकासी (ट्रांसमिशन) का सामान समय पर नहीं लगाया गया, जिस कारण आर्थिक हानि हुई तथा राज्य को राजस्व नहीं मिल पाया। सरकार को एक अधिकारी समिति का गठन करना चाहिए था जो योजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण, वन विभाग से आज्ञा तथा लोगों के पुनर्वास का काम की देख-रेख करती। यह आवश्यक था कि विजली की निकासी (ग्रिड तक पँहुचाने) का काम योजनाओं के पूरा होने से पहले कर लिया जाता। चिंताओं के विषय थे योजनाओं का पूर्व में जाँच-परख न हो पाना, त्रुट्पिूर्ण योजना कार्य तथा खास तौर पर अनुश्रवण या समय-समय पर विभागीय अधिकारियों या उत्तराखंड जल-विद्युत निगम द्वारा समीक्षा न हो पाना। सबसे चिंताजनक बात थी पर्यावरण के प्रति लापरवाही, जिसका सबसे अधिक कुप्रभाव देश के संसाधनों पर पडा। Quint Hindi सोना (GOLD) देश के प्रीमियम स्मार्टफोन बाजार में सैमसंग सबसे आगे, चाइनीज कंपनी OnePlus दूसरे स्‍थान पर हाउस आवंटन नियम और फॉर्म बुलंदशहर शिबू सोरेन और हेमंत सोरेन जिंदाबाद, स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं अमेरिका: इंग्लिश टीचर ने 2500 महिला कैदियों को कविता लिखना सिखाया ताकि उनका आत्मविश्वास बढ़े 20 mins जल संसाधन केजरीवाल सरकार को कांग्रेस ने बताया विफल  23 Views इससे पहले रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) ने फरवरी में बैंकों को निर्देश दिया था कि वे स्ट्रेस्ड लोन के मामलों को डिफॉल्ट के 180 दिनों के अंदर सुलझाएं। आरबीआई ने कहा था कि अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो कंपनी को लोन रिजॉल्यूशन के लिए नेशनल कंपनी लॉ ट्राइब्यूनल (एनसीएलटी) ले जाना होगा। यह फैसला 2,000 करोड़ से अधिक के सभी लोन के लिए था। हालांकि, पावर सेक्टर को पावर परचेज एग्रीमेंट (पीपीए) साइन नहीं किए जाने, सरकारी अप्रूवल में देरी और कोयले की सप्लाई नहीं मिलने जैसी कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। November, 2015 हिंदी ENGLISH कश्मीर की इंशा ने व्हीलचेयर पर किया ऐसा ‘कमाल’ © 2017 - 2018 Copyright . All Rights reserved. Livemint.com कोयला उद्योग समाचार विद्युत और तीन अन्य योजनाओं की अवधि को आगामी तीस जून तक सामान्य अध्ययन प्रश्नपत्र I इमरान खान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के रूप में आज लेंगे शपथ A heavy coat of dust on a light bulb can block up to half of the light produced by it. ‘सी’ और ‘डी’ श्रेणी खंडों में स्थापित ऐसे सूक्ष्म एवं लघु उद्योग इस योजना के लिए पात्र होंगे, जिन्होंने पोर्टल https://udyogadhaar.gov.in पर संबंधित जिला उद्योग केंद्र के साथ उद्योग आधार ज्ञापन (यूएएम) फाईल किया है। लक्ष्य बच्चे की तरकीब के मुरीद हुए आनंद महिंद्रा, करना चाहते हैं हा... PDP नेता मुजफ्फर हुसैन बेग का विवादित बयान, पीएम नरेंद्र मोदी को दी चेतावनी कश्मीर की इंशा ने व्हीलचेयर पर किया ऐसा ‘कमाल’ टीम दृष्टि कृषि(25 एचपी तक)- 5.70 - 5.00 97,131 likes ज्योतिष धर्म इस योजना का लाभ गाँव के साथ-साथ शहर के लोगों को भी मिलेगा। बिजली कंपनी ने कहा: नपा ने बिल नहीं भरा तो काटेंगे कनेक्शन, नपा बोली; चुकता है पूरा स्वास्थ्य Privacy Policy | T&C | Contact | Follow us at: फाइनेंशियल प्लानिंग से जुड़े सवाल-जवाब अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी -सिंदरी शहरी शहरी घरेलू उपभोक्ताओं को अब 10 रुपये प्रति किलोवाट अधिक फिक्स चार्ज देने के साथ 45-50 पैसे प्रति यूनिट ज्यादा भुगतान करना पड़ेगा। राज्य विद्युत नियामक आयोग ने वर्ष 2017-18 के लिए 30 नवंबर को नई बिजली दरों का एलान किया था। सभी श्रेणियों में कुल मिलाकर औसतन 12.73 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है। अस्‍थायी कनेक्‍शन के लिए 34.75 प्रतिशत ज्यादा भुगतान करना होगा। बारां वृश्चिक भाजपा सरकार ने पूरा किया हिसार में एयरपोर्ट का वादा: कैप्टन अभिमन्यु उत्पाद व सेवाएं केरल : बाढ़ बारिश से 9 दिनों में 324 लोगों की... श्रीदेवी के बर्थडे पर जाह्नवी ने बचपन की फोटो शेयर कर मां को किया याद सौभाग्य डैशबोर्ड अरे खेत में कृषि कनेक्शन घरेलू कृषि कनेक्शन लेने के लिए कितने ग्रुप की आवश्यकता पड़ेगी अध्यात्म Terms & Conditions | Privacy Policy | Disclaimer हमारे लाईट कनेक्शन मे सिर्फ पोल खड़े करके चले गये तार /केबल नहीं लगा रहे है pz jaldi karyvai karvae Mo.70XXX80 gav khari teh. Sedwa dist. Barmer न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Updated Wed, 21 Mar 2018 01:02 PM IST अटल जी के यह 9 निर्णय जिन्होंने देश की किस्मत बदल दी उत्तर प्रदेश की कानपुर बिजली आपूर्ति कंपनी ने सालभर में अपनी स्थिति सुधार ली है। ताजा रैंकिंग में यह कंपनी 24वें नंबर पर है, जबकि सालभर पहले यह 31वें पायदान पर थी। उत्तर प्रदेश की बाकी तीनों वितरण कंपनियां सीएसपीडीसीएल से नीचे हैं। वहीं, बिहार दोनों कंपनियों नार्थ और साउथ की स्थिति यहां से ठीक है। नार्थ कंपनी ने अपना 17वां रैंक बरकरार रखा है, साउथ बिहार वितरण कंपनी 21 से 30 स्थान पर चली गई है। मिज़ोरम Related Articles (Topic wise) हज़ारीब़ाग सूची में पहले से तीसरे नंबर पर गुजरात की तीन कंपनियां है, जबकि चौथे नंबर पर उत्तराखंड की वितरण कंपनी है। गुजरात की ही चौथी कंपनी पांचवें नंबर पर है। इन्हें एक प्लस ग्रेड दिया गया है। हिमांचल का बिजली बोर्ड आठवें, आंध्र प्रदेश की ईस्टर्न व नार्दर्न कंपनियां छठे व नौवें स्थान पर हैं। कर्नाटक की कंपनी सातवें स्थान पर है। Ireland 51210 Vodafone, O2 वहीं लालजीराम तियु को पनाह देने वालों पर पुलिस कार्रवाई करेगी। छापेमारी टीम में मुख्य रूप से सदर अंचल के पुलिस निरीक्षक अनिल एक्का के अलावा मंझारी थाना प्रभारी, तांतनगर ओपी प्रभारी शामिल थे। बाड़मेर हर अखबार ने यही कहा- अटल, अमर, अनंत! शर्मनाक : स्कूल में छात्रा से गैंगरेप 18 के खिलाफ… Bhaskar News Network | Last Modified - Jul 21, 2018, 02:20 AM IST लाइफस्‍टाइल सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, चुनावी साल में सस्ती बिजली और बिल माफ करने का मामला जल गुणवत्ता Most Related Stories मजिस्ट्रियल जांच रिपोर्ट 1- नवकूपडगवैल/डगकमबोरवैल/केविटिपाइप बोरवैल योजना.. कैग करेगी डिस्कॉम का ऑडिट BIRTHDAY SPECIAL: 84 साल के हुए हदय सम्राट गुलजार साहब, देखिए उनके कुछ बेहतरीन गानेंसच ही तो है। जिदंगी अस्वच्छ सर्वेक्षण January 2018 मध्य प्रदेश शासन DIGI Singing Star Audition साइट मैप मनमोहन सिंह के कार्यकाल में हासिल हुई सर्वाधिक 10.08 % वृद्धि दर: रिपोर्ट यूपी के 100 स्कूलों को मिला हिंदी कीबोर्ड, शुरू हुआ उज्जवल विकास अभियान बेदाग और चमकदार त्वचा पाना हैं तो करें नीबू का इस्तेमाल Register Free Login English ख़बरें अब तक योजनाएं VIDEO: देहरादून के बीजेपी कार्यालय में 'वाजपेयी' को दी गई श्रद्धांजलि झारखण्ड में पावर कट की पहले से ही दयनीय स्थिति बरकरार है। सूबे के कई विद्युत धंधे बिजली के अभाव में बंदी के कगार पर है। श्री सहाय आज शनिवार को एचईसी परिसर स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जनता पहले से ही बिजली दर की मार झेल रही है। दुसरी ओर बिजली दर में बेतहाशा वृद्धी कर जनता को परेशान किया जा रहा है। Turn on Not now बिहार में नयी बिजली दरें लागू, गांव में 3.35 और शहर में 5 प्रति यूनिट बिजली दूरभाष निदेशिका सिल्लीगुडी अजमेर जिला परिषद में आयोजित हुई स्वच्छता पर कार्यशाला शेखपुरा helo आप भी लिखें MAI अप्रैल के बाद महंगी हो सकती है बिजली पूर्व पावर सेक्रेटरी पी उमाशंकर का कहना है कि दिल्ली सरकार के बिजली सस्ती करने से पावर कंपनियों के ऊपर कोई असर नहीं होगा। इससे डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के फाइनेंस पर कोई असर नहीं होगा क्योंकि राज्य सरकार को इसपर सब्सिडी देनी होगी। अटल बिहारी वाजपेयी पर बोलते हुए भावुक हुए सीएम योगी, कहा ये nuclear energy बिज़नस न्यूज़ से और बेहद अपनी-सी लगती है यह... मुख्य सामग्री पर जाएं नोटिस (Hindi News from Navbharat Times , TIL Network) 4. यूपी के इस होटल में वेटर से लेकर मैनेजर तक सब होंगी महिलाएं धर्म-अध्‍यात्‍म ग्रेनो में बिजली कनेक्शन लेना हुआ सस्ता news1 day ago राहुल बाबा ये क्या बोल गए...छत्तीसगढ़ सरकार ने BHEL से क्यों नहीं खरीदा मोबाइल ! जमकर ट्रोल ऊर्जा प्रौद्योगिकी CAPTCHA ट्रांसमिशन लाइनों में भी वृद्धि हुई है।  Concept Talk April, 2016 DEHRADUN: केंद्रीय ऊर्जा राज्यमंत्री आरके सिंह व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत की मौजूदगी में फ्राइडे को शहर के पवेलियन ग्राउंड में 'सौभाग्य' प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना का शुभारंभ हुआ. योजना के जरिए प्रदेश में बिजली से वंचित घरों को बिजली के कनेक्शन दिए जाने का लक्ष्य रखा गया है. इस योजना को एक साथ राज्य के सभी जिलों में भी शुरू किया गया. सेहतमंद जिंदगी लोकप्रिय पोस्ट Embed this Tweet Messenger प्रधानमंत्री जनधन योजना Delhi पीसीबी की भूमिका स्‍नेहक तेल प्रयोगशाला अखिलेश यादव ने खास अंदाज में पूर्व पीएम अटल को किया याद, कही ये बातें उन्होंने कहा कि बैठक के पहले दिन 1211 में से छह को छोड़कर बाकी सभी वस्तुओं के लिए जीएसटी दर तय कर ली गई। परिषद कल सोना, फुटवियर, ब्रांडेड आइटम व बीड़ी के लिए कर की दर तय करेगी। उन्होंने कहा,' बाकी के लिए दरों को अंतिम रुप दे दिया गया है।' इसी तरह पैकेज्ड खाद्य वस्तुओं के लिए जीएसटी अभी तय की जानी है। उन्होंने कहा कि कल की बैठक में सेवाओं पर कर की दर भी तय की जाएगी। श्रीलंका ने दक्षिण अफ्रीका को 178 रनों से हराया BY नूर मोहम्मद ON 05/06/2018 • आयकर संग्रह 2017-18 में रिकॉर्ड 10.03 लाख करोड़ रुपए, रिटर्न की संख्‍या में 1.3... कम रकम वाले लोन के मामले में बढ़ते तनाव की वजहों पर मित्तल ने कहा है, ‘बढ़ती हुई प्रतिस्पर्धा से इस पर फर्क पड़ेगा. परिणामस्वरूप लोन देने के मापदंडों में गिरावट आएगी और स्व-नियोजित क्षेत्रों में अधिक मात्रा में लोन दिए जाएंगे.” दिनेश चन्द नन्दी यहां पुलिसकर्मियों ने टॉस उछालकर किया महिला की गिरफ्तारी का फैसला Taurus (वृषभ) उप प्रमुख गोमिया प्रखण्ड बिजली कंपनियों के घाटे की पड़ताल नहीं की गई और हर साल कंपनियां अपने घाटे को कानूनी जामा पहनाती जा रही हैं, लेकिन सरकार की लापरवाही की वजह से उनका दावा कानूनी तौर पर पुख्ता हो रहा है, क्योंकि सरकार ने घाटे को लेकर कंपनियों से न तो कोई पूछताछ की और न ही इस बारे में कोई जानकारी ही जुटाई गई, नतीजा ये हुआ कि साल दर साल कंपनियों के घाटे की फाइलें सरकार के पास जमा हो रही है और एक तरह से सरकार की मौन स्वीकृति इस घाटे को मिल रही है, अब अगर मामला कोर्ट में भी जाता है, तो यहां सरकार की लापरवाही से खुद उसका पक्ष कम हो रहा है, ऐसे में दिल्ली में टैरिफ बढ़ने की आशंका मजूबत हो रही है. Cookies Policy राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने लाइन लॉस का पूरा भार बिजली उपभोक्ताओं पर न डालने की वकालत की। उन्होंने ओडिशा का उदाहरण देते हुए कहा कि बिजली कंपनियों के घाटे के आधार पर जो रेग्युलेटरी सरचार्ज लगाया जाता है। उसका 50 प्रतिशत हिस्सा उपभोक्ताओं और 50 प्रतिशत हिस्सा बिजली कंपनियों को देना चाहिए। ताकि बिजली कंपनियों की लापरवाही का खामियाजा ईमानदार उपभोक्ताओं पर न पड़े। नैनीताल समाचार, 21 जनवरी 2011 समाचार की सदस्यता लें ईडीएफ यह प्रोजेक्‍ट अरेवा से टेक ओवर करेगी। अरेवा ने यह कॉन्‍ट्रैक्‍ट 2009 में हासिल किया था। ईडीएफ, इसमें 84 फीसदी हिस्‍सेदारी फ्रांस सरकार की है, ने जुलाई 2015 में अरेवा में नियंत्रण हिस्‍सेदारी हासिल करने के बाद इस प्रोजेक्‍ट को अपने हाथ में लिया है। अरेवा, इसमें भी फ्रांस सरकार की बड़ी हिस्‍सेदारी है, इस प्रोजेक्‍ट को शुरू नहीं कर पाई, क्‍योंकि एनपीसीआईएल के साथ प्रोजेक्‍ट कॉस्‍ट को लेकर कुछ विवाद था और स्‍थानीय लोगों भी इस प्रोजेक्‍ट का विरोध कर रहे हैं। जैतापुर भूकंप की दृष्टि से सक्रिय क्षेत्र में स्थित है, इसलिए पर्यावरणविद इससे भारी नुकसान की आंशका जता रहे हैं। चास : NH 32 अतिक्रमण मुक्त, सड़क चौड़ीकरण को लेकर... दूरस्थ शिक्षा कार्यक्रम Have an account? Log in » आत्मघाती हमलावर ने छात्रों को बनाया निशाना , 48 की मौत 102,458 Views विद्युत योजना की तुलना करें - बिजनेस बिजली की कीमतों की तुलना करें विद्युत योजना की तुलना करें - इलेक्ट्रिक कंपनी आज बदलें विद्युत योजना की तुलना करें - मेरे क्षेत्र में ऊर्जा प्रदाता
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