Electricity बलिराम सिंह। | Last Modified - Dec 04, 2017, 07:11 AM IST 25 Views अब तक घरेलू उपभोक्ताओं के लिए डीएस-1 की तीन  श्रेणी और डीएस-2 की दो श्रेणी थी. अब घरेलू उपभोक्ताओं को केवल शहरी और  ग्रामीण की श्रेणी में बांटा गया है मप्र पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी एमडी आकाश त्रिपाठी ने बताया कि अंसगठित क्षेत्र के मजदूरों के कार्ड नंबर के आधार पर घरों के बिजली खाते जोड़े जाएंगे। 100 यूनिट तक के खर्च एवं एक किलो वाट तक के कनेक्शन पर सिर्फ 200 रुपए की वसूली ग्राहकों से की जाना हैं। शेष रकम कंपनी को राज्य शासन से प्राप्त होगी, सरल बिल योजना के विभागीय काम में तेजी अगले सप्ताह से ही आएगी। जुलाई के बिल से योजना का लाभ मिलने लगेगा। इसके लिए कंपनी के सभी अधिकारियों को आदेश जारी कर दिए है। 13 14 15 16 17 18 19 ग्रामीण इलाकों में गरीब तबके के लोगों के लिए पक्के मकान की व्यवस्था करने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना चल रही है। इससे पहले यूपीए सरकार के दौर में भी ऐसी ही योजना चल रही थी। हालांकि तब उसका नाम इंदिरा गांधी आवास योजना है। 2. एक अप्रैल 2019 से बिना मीटर वाले सभी श्रेणी के उपभोक्ताओं की श्रेणी समाप्त कर दी जाएगी। इसके लिए कंपनी आवश्यक कार्रवाई करे।  अनार (Pomegranate) SHIMLA WOMEN ACCIDENT टॉप स्‍टोरी मध्य प्रदेश  हिमाचली लाल सोने पर अमरीका के सेब का आज भी बना खतरा Loading seems to be taking a while. चमोली नैनीताल में जिन जगहों पर अटल जी रुके उन यादों को संजों कर संग्रहालय बनाया जायेगा। श्री अटल बिहारी बाजपेयी जब बैलगाड़ी से पहुँचे थे संसद, इंदिरा गांधी भी रह गयी थी हैरान अपनी पसंदीदा श्रेणी के समाचार पढ़ने कृपया नीचे दिए गए श्रेणी के ​बटन पर क्लिक करें जम्मू महासचिव झारखंड प्रदेश तांती स्वासी कल्याण समिति कई जिलों का काम ठप हाईटेंशन (एचटीएस 132केवी)  6.25  5.75           योजना की पात्रता शर्तों का जिक्र करते हुए प्रवक्ता ने बताया कि उस उद्यम को राज्य सरकार द्वारा समय-समय पर अधिसूचित प्रतिबंधित सूची में न रखा गया हो। इसके अलावा, सब्सिडी जारी करने के समय उद्यम नियमित उत्पादन कर रहा हो और यह सब्सिडी बंद इकाइयों को जारी नहीं की जाएगी।  बड़कागाँव विधायक प्रतिनिधि कनेक्शन कटने के डर से बिल भर दिए ईडीएफ यह प्रोजेक्‍ट अरेवा से टेक ओवर करेगी। अरेवा ने यह कॉन्‍ट्रैक्‍ट 2009 में हासिल किया था। ईडीएफ, इसमें 84 फीसदी हिस्‍सेदारी फ्रांस सरकार की है, ने जुलाई 2015 में अरेवा में नियंत्रण हिस्‍सेदारी हासिल करने के बाद इस प्रोजेक्‍ट को अपने हाथ में लिया है। अरेवा, इसमें भी फ्रांस सरकार की बड़ी हिस्‍सेदारी है, इस प्रोजेक्‍ट को शुरू नहीं कर पाई, क्‍योंकि एनपीसीआईएल के साथ प्रोजेक्‍ट कॉस्‍ट को लेकर कुछ विवाद था और स्‍थानीय लोगों भी इस प्रोजेक्‍ट का विरोध कर रहे हैं। जैतापुर भूकंप की दृष्टि से सक्रिय क्षेत्र में स्थित है, इसलिए पर्यावरणविद इससे भारी नुकसान की आंशका जता रहे हैं। राज्य पंजाब-हरियाणा जम्मू-कश्मीर उत्तर प्रदेश हिमाचल गुजरात बिहार राजस्थान और Technology राज्य में बिजली अप्रैल के बाद महंगी होगी. झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग के मुताबिक बिजली टैरिफ बढ़ाने के लिए झारखंड बिजली वितरण निगम ने प्रस्ताव दिया है. प्रस्ताव पर आयोग ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में जाकर जनसुनवाई भी की है. प्रस्ताव की समीक्षा चल रही है. प्रक्रिया पूरी करने में अभी 20-25 दिनों का समय और लगेगा. उसके बाद ही टैरिफ में वृद्धि पर अंतिम आदेश जारी किया जायेगा. मालूम हो कि झारखंड बिजली वितरण निगम ने आयोग को वर्तमान दर में छह गुना तक वृद्धि करने का प्रस्ताव सौंपा है. जनसुनवाई के दौरान दर वृद्धि के विरोध में सामने आये सभी पहलुओं पर आयोग विचार कर रहा है. निगम के राजस्व को देखते हुए टैरिफ की दर निर्धारित की जायेगी. उन्होंने कहा, ''अगर इन चारों वस्तुओं को इस जीएसटी के दायरे में रखा जाता तो अच्छा रहता. इन चारों वस्तुओं का मार्केट में बड़ा असर होता है.'' केबिल प्रयोगशाला संचार Embed this Video 101-200    5.02        6.95     प्रतिक्रिया ऐसे समझें फर्जीवाड़ा, उपभोक्ताओं को लगाया चूना Similar Posts भारतीय विद्युत क्षेत्र में आरएसओपी की प्रासंगिकता : JNVST Results 2018 For Class 6th, 9th, 11th Exam Released – Navodaya Vidyalaya Selection List जवाब –  परियोजना का प्रस्ताव राज्य डिस्कॉम / ऊर्जा विभाग द्वारा तैयार किए जाएंगे और सचिव (विद्युत) की अध्यक्षता वाली अंतर-मंत्रिस्तरीय निगरानी समिति द्वारा अनुमोदित, भारत सरकार स्वीकृत परियोजनाओं के तहत विद्युतीकरण कार्य संबंधित डिस्कॉम / विद्युत विभाग द्वारा कार्यान्वित किया जाएगा। टर्नकी ठेकेदारों के माध्यम से या विभागीय रूप से या अन्य उपयुक्त एजेंसियों के माध्यम से मानदंडों के अनुसार यह काम करने में सक्षम हैं। 222 DB Quiz Leave a Reply Join Us घरेलू बिजली बिलों का भुगतान समय से नहीं कर पाने के कारण मूल बकाया राशि और उस पर अधिरोपित सरचार्ज के कारण उपभोक्ता के बिलों की राशि बहुत ज्यादा हो जाती है। मुख्यमंत्री जन कल्याण (संबल) योजना में पंजीकृत श्रमिकों और बीपीएल उपभोक्ताओं के घरेलू बिजली कनेक्शन की पुरानी बकाया राशि का निराकरण कर उन्हें नियमित बिल भुगतान करने के लिये प्रेरित करने के उद्देश्य से ही यह माफी स्कीम लागू की गई है। स्कीम का प्रभाव जून 2018 तक की कुल बकाया राशि पर लागू होगा। दिल्ली सरकार ने इंस्टीट्यूट ऑफ लीवर एंड बायलरी साइंसेस (आईएलबीएस) के बेड में भारी वृद्धि करने का निर्णय लिया है। 155 बेड वाला यह अस्पताल 549 बेड का होगा। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई दिल्ली कैबिनेट की बैठक में इस आशय के निर्णय लिए गए। इस पर करीब 497 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान लगाया गया है।  आईएलबीएस में मरीजों की लगातार बढ़ती संख्या को देखते हुए बिस्तरों की संख्या में इजाफा करने का फैसला किया गया है। ऐक्सेसरीज मेसेज देख हुई लड़ाई, दूसरी मंजिल से गिरी विवाहिता गूगल के पार: #Atalji के अनसुने किस्से प्रायोजित अनुसंधान चार साल पूरे होने के बाद भी नरेंद्र मोदी सरकार की मुख्य योजनाएं दीन दयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना, स्किल इंडिया प्रोग्राम, उज्ज्वला योजना और जन धन योजना कोई बड़ी उपलब्धि हासिल करने में नाकामयाब रही है. इसके अलावा मुद्रा और हाउसिंग योजना के तहत 2022 तक सबको घर जैसी योजनाएं बैंकों के लिए नई मुसीबत बनी हुई है, जो पहले ही न चुकाए गए कर्जों के जाल में फंसे हुए हैं. जवाब – दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना (DDUGJY) ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति की गुणवत्ता और विश्वसनीयता में सुधार करने के लिए चल रहे फिडर / वितरण ट्रांसफार्मर / उपभोक्ताओं के वर्तमान बुनियादी ढांचे को मज़बूत बनाने और वृद्धि के लिए गांवों / बस्तियों में बुनियादी बिजली ढांचे का सृजन करती है। इसके अलावा, बीपीएल परिवारों को अंतिम छोर तक मुफ्त बिजली कनेक्शन भी प्रदान किए जाते हैं जो कि BPL सूची के अनुसार राज्यों द्वारा पहचाने जाते हैं। हालांकि,जो गांव लंबे समय से विद्युतीकृत हैं,उनमें भी कई घरों में कई कारणों से बिजली कनेक्शन नहीं होते हैं। वास्तव में गरीब परिवारों में से कुछ के पास बीपीएल कार्ड भी नहीं है और ना ही ये परिवार सरकार द्वारा लागू प्रारंभिक कनेक्शन शुल्क देने में सक्षम हैं। अनपढ़ लोगों में कनेक्शन या कनेक्शन लेने के बारे में जागरूकता की भी कमी है। आस-पास बिजली का पोल नहीं है और अतिरिक्त पोल लगाने की लागत ज्यादा है, कनेक्शन प्राप्त करने के लिएकंडक्टर को  घरों से भी लगाया जा सकता है। Web Title electrical regulatory commission new electricity rate in uttar pradesh सतर्कता प्रकोष्ठ से सम्पर्क करें Bollywood News in Hindi प्रदेश में सरल बिजली योजना का अब तक करीब 43 लाख हितग्राहियों को लाभ मिलना शुरू हो गया है। इस योजना के तहत पंजीकृत श्रमिकों को 200 रुपये प्रतिमाह फ्लैट रेट पर बिजली दी जा रही है। इनके बकाया बिजली बिलों को भी माफ़ किया जा रहा है। विधानसभा को देखते हुए लाई गई इस योजना को लेकर यह अंदेशा जताया जा रहा है कि बिजली वितरण कंपनियों के बजट पर प्रभाव पड़ेगा। इसका खामियाजा आम उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ेगा, बिजली की दरों में वृद्धि होगी और लोगों का बिजली बिल बढ़ जायेगा। नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के डॉ. पीजी नाजपाडें और डॉ. एमए खान ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की गई याचिका में यह तर्क दिया गया है कि वर्ष 2003 में भी इसी तरह मुफ्त बिजली देने के खिलाफ हाईकोर्ट की शरण ली गई थी। तब कोर्ट ने तत्कालीन सरकार को 100 करोड़ रुपये चुकाने का आदेश दिया था। केंद्र सरकार देश में बिजली की कीमतें घटाने और इसमें एकरूपता लाने की दिशा में काम कर रही है, जिसके लिए उसकी थर्मल ऊर्जा उत्पादन तथा शेड्यूलिंग के नियमों में ढील देने की योजना है। ऊर्जा मंत्रालय ने जुलाई में इस पर मेरिट ऑर्डर जारी कर सभी पक्षों से राय मांगी थी, जिस पर उसे सकारात्मक रुख मिला है।  वाराणसी Your name आग की घटनाओं के चलते दक्षिण कोरिया में BMW कारों पर प्रतिबंध स्प्लिट प्रकार एसटीएस एकल चरण इलेक्ट्रिक मीटर, पीएलसी जी 3 आरएफ दीन रेल पावर मीटर मणिपुर October 29, 2017 team livecities आपका ज़िला 0 Primary Menu एलआईसी कैंसर कवर प्लान 905 – www.licindia.in लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्कः एनडीए में जदयू के सहयोगी दल आरएलएसपी प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने सीएम नीतीश कुमार पर कड़ा हमला बोला है. उपेंद्र कुशवाहा का यह बयान तब आया है जब बिहार में अपराध […] बाहरी लिंक्स अनुसूचित जाति कल्याण 02018-07-17T12:10:37 निर्मल सिंह Grievances आरएसओपी की तकनीकी रिपोर्टें औसतन 12.73 प्रतिशत बढ़ी हैं बिजली की दरें 27 28 29 30 31   Chandigarh Ramayan     वित्त मंत्री ने विभाग के अधिकारियों से क्षेत्र के सभी 17 फीडरों बारे विस्तृत जानकारी ली तथा अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी फीडरों पर लाइन लॉस कम करवाने के प्रयास करें। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के कुछ फीडरों पर लाइन लॉस 20 प्रतिशत से कम कर लिया जाता है तो ये क्षेत्र के अन्य गांवों के लिए एक मिसाल होंगे। इससे लोगों को इस योजना में शामिल हुए फीडरों से होने वाले फायदों का पता चलेगा। ‘मुखौटा’ वाजपेयी हमेशा संघ के प्रति निष्ठावान रहे Also Watch उज्जवल डिस्कॉम एश्योरेंस योजना का प्रस्तुतिकरण दिनांक 9th नवंबर 2015 Cafeteria संत कबीर दास के दोहों में छुपा है जीवन को सफल बनाने का सूत्र 43 mins Privacy Policy | About Us | Contact Us चन्दन जयसवाल अब तक के 71 और आने वाले अनगिनत वर्षों के लिये स्वतंत्रता दिवस की ढेर सारी शुभकामनाएं, हर्षोल्लास के साथ मनाया गया 71वा स्वतंत्रता दिवस, चारों ओर राष्ट्रभक्ति के बिखरे रंग, उज्जैन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ऊर्जा मंत्री श्री पारस जैन फहराया राष्ट्रध्वज 15/08/2018 रिलेशनशिप CrazyFreelancer Ceiling Fans are arguably the most ignored appliance when it comes to energy savings. People talk about big appliances like AC and refrigerator consuming a lot of energy. But what most people do not understand is that Ceiling Fans cumulatively consume more electricity than a refrigerator in a house. In fact, after Air Conditioners (if used), it is the second biggest contributor to electricity bills of any household. However, ceiling fans have a very good scope for रायपुर केरियर Next जिले में नगर निगम बिजली विभाग का सबसे बड़ा डिफॉल्टर है। नगर निगम पर करीब 200 करोड़ रुपये का बिजली बिल बकाया है। इसमें लगभग 16 करोड़ रुपये का सरचार्ज भी शामिल है। पूरे सर्कल में सरकारी डिफॉल्टरों पर करीब 250 करोड़ रुपये बकाया हैं। इन पर करीब 25 करोड़ रुपये का सरचार्ज बनता है। इस रकम की वसूली के लिए निगम की तरफ से लगातार सरकारी विभागों को रिमाइंडर भेजे जा रहे हैं। बिजली निगम के अधिकारियों का कहना है कि अगर सभी सरकारी विभाग अपना बकाया दे देते हैं, तो इनका लगभग 25 करोड़ रुपये का सरचार्ज माफ हो जाएगा। ऑनलाइन मूल्यांकन 200 रुपए महीने की सस्ती बिजली के लिए असंगठित श्रमिक पंजीयन जरूरी है। इसमें भी वे ही पात्र होंगे, जिनके बिल में बिजली भार 1000 वाट यानी 1 किलोवॉट है। शासन से जारी गाइड लाइन में केवल यह लिखा है कि 100 यूनिट तक 200 रुपए महीने में बिजली मिलेगी। 200 रुपए महीने की सस्ती बिजली के लिए असंगठित श्रमिक पंजीयन जरूरी है। इसमें भी वे ही पात्र होंगे, जिनके बिल में बिजली भार 1000 वाट यानी 1 किलोवॉट है। शासन से जारी गाइड लाइन में केवल यह लिखा है कि 100 यूनिट तक 200 रुपए महीने में बिजली मिलेगी। यहां स्थिति बेहतर Copyright © 2018 Naidunia. धनबाद समेत समस्त प्रदेश वासियों को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं थोड़ी देर बाद एक सुंदर सी जवान महिला बस में चढ़ी, उसे बहुत से लोग सीट देने को तैयार थे लेकिन वो बैठने को तैयार नहीं। 12345678910 उधमपुर राजमहल लोकसभा सहित समस्त झारखण्ड वासियो को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक सुभकामना बैठक में सरकारी दफ्तरों में एलईडी बल्बों का इस्तेमाल अनिवार्य करने पर भी सहमती बनी. बिजली कंपनियों को निर्देश दिया गया कि वे प्रदेश के सभी जिलों में सस्ती दरों पर एलईडी बल्ब उपलब्ध कराएं. एजंसी जनवरी 11, 2018 Ranjeet Jha BIHAR, आपका प्रदेश, ट्रेंडिंग 0 सावन मास की हर शाम अवश्य करें ये काम, मिलेगा कुबेर के समान खजाने का भंडार इनका कहना निदान केबिल तथा संधारित्र प्रभाग (डीसीसीडी) वजन: 700 ग्राम आरटीआई आवेदन / अपील की मासिक स्थिति बिहार में आम आदमी को लगेगा बिजली का झटका, नयी दर 1 अप्रैल से होंगी प्रभावी सर्वश्रेष्ठ विद्युत मूल्य - विद्युत प्रदायक स्विच करें सर्वश्रेष्ठ विद्युत मूल्य - इलेक्ट्रिक कंपनियां आज स्विच करें सर्वश्रेष्ठ विद्युत मूल्य - बिजली की लागत
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