चमकी चुनावी बिजली, घरेलू उपभोक्ताओं को 8, किसानों को 12 फीसदी राहत प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं की अनुदानित श्रेणी कृषि व घरेलू है और इनका हिस्सा क्रमश: 42 व 21 फीसदी है, वहीं देश में यह 23 व 24 फीसदी है जिसके चलते विद्युत लागत और राजस्व में अंतर ज्यादा रहा है। वहीं वर्ष 2005 में पड़ोसी राज्यों से? बिजली खरीद जहां 2.09 रुपए प्रति यूनिट रही, वहीं बिजली कंपनियों ने वर्ष 2008 में 8.83 रुपए प्रति यूनिट से बिजली खरीद कर कम दरों पर बिजली सप्लाई कर घाटे को बढ़ाया है।  लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्कः एनडीए में जदयू के सहयोगी दल आरएलएसपी प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने सीएम नीतीश कुमार पर कड़ा हमला बोला है. उपेंद्र कुशवाहा का यह बयान तब आया है जब बिहार में अपराध […] UPA राज में भी चल रही थीं NDA की ये योजनाएं आवास (अन्य झारखंड समाचार के लिए न्यूज़कोड मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.) बाज़ार खबरें गैजेट्स नया योजना में बिजली के बिल वैसे ही मिलेंगे, जैसे पहले मिल रहे हैं, लेकिन राशि के योग को यूनिट के हिसाब से लिखा जाएगा, ग्राहक को देय राशि के सामने 200 दर्ज रहेगा। शेष राशि शासन से प्राप्त सब्सिडी के कालम में दर्ज रहेगी। इसका क्लेम बिजली कंपनी मप्र शासन को करेगी। जहां से लाखों ग्राहकों की रकम बिजली कंपनी को आगे जाकर एक मुश्त मिलेगी। 650 मीटर से ज्यादा दूरी वालों को कनेक्शन दूसरे फेज में : बाल जगत कुमारी श्रीति पांडेय रिलेशनशिप्स Sheikhpura ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sat, 09 Dec 2017 08:40 PM IST ट्रैवलिंग नेविगेशन पर जाएँ सामग्री पर जाएँ फुटर पर जाएँ Updated:2017-03-30 13:39:10.0 June 2018 संश्लिष्‍ट परीक्षण सुविधा मध्यप्रदेश147 राज्य शासन की योजनाएं विभाग के बारे में 0-50        2.65        6.15     सिरसा परीक्षा उपयोगी पुस्तकें By Kamlesh Bhatt मध्य प्रदेश                         100                5.06 रुपए  कानपुर 719 प्रिन्ट करने लायक दिल्ली कांग्रेस दफ्तर में शीला दीक्षित, अजय माकन, हारून यूसुफ, अरविंदर लवली, सज्जन कुमार और महाबल मिश्रा समेत कई पूर्व विधायक और सांसदों की बैठक हुई. बिलासपुर मुद्दा INTUC PRESIDENT HARDEEP BAWA पाठ्यक्रम कृत्यों के निर्वाहन हेतु नियम टेनिस योजनाएं : गोठ एप पर जानिए गरीबों को आबादी पट्टे के बारे में 24×7 बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सभी घरों में कनेक्टिविटी प्रदान करना एक शर्त है। ऊर्जा प्रदान करने के मुद्दे को सुलझाने के लिए सौभाग्य योजना के एक योजनाबद्ध समर्थन है। News18 Services प्रत्यायन नियम और प्रपत्र ऑटो न्यूज़ विभाग शहर को संचार जवाब – बिजली मिलने पर निश्चित रूप से दैनिक घरेलू कार्यों और मानव विकास के सभी पहलुओं में लोगों के जीवन की गुणवत्ता पर सकारात्मक प्रभाव डालती है। सबसे पहले, बिजली मिलने पर उजाले के लिए मिटटी तेल का इश्तेमाल नहीं होगा, जिसके परिणामस्वरूप घरों में प्रदूषण में कमी आएगी जिससे लोगों को स्वास्थ्य संबंधी खतरों से बचाया जा सकेगा। इसके अलावा, बिजली मिलने से देश के सभी भागों में कुशल और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं स्थापित करने में मदद मिलेगी। सूर्यास्त के बाद प्रकाश विशेष रूप से महिलाओं के लिए व्यक्तिगत सुरक्षा का भाव प्रदान करता है। सामाजिक और साथ ही आर्थिक गतिविधियों में भी वृद्धि करता है। बिजली की उपलब्धता से सभी क्षेत्रों में शिक्षा सेवाओं को बढ़ावा मिलेगा और सूर्यास्त के बाद गुणवत्ता वाले प्रकाश में बच्चों को पढ़ाई के लिए अधिक समय बिताने और संभावित कैरियर में आगे बढ़ने में सुविधा होगी। घरेलू विद्युतीकरण होने से महिलाओं के अध्ययन करने की संभावना भी बढ़ जाती है और इससे उनकी कमाई भी होगी। पानी की वेबसाईटें, ब्लॉग, वेबपेज INDORE: रुपए के लालच में निर्वस्त्र हो गई महिला, तांत्रिक ने रेप किया | MP NEWS HSSC नि वि औद्योगिक सेवा 1 8.59 0.25 8.34 8.39 7.86 सूचना का अधिकार अधिनियम बड़े बिजली उपभोक्ताओं की खपत पर रखी जाएगी नजर खोज सांसद राजमहल लोकसभा ऑटो नया (यह भी पढ़ें)... सपना चौधरी ने WWE के रिंग में लगाए ऐसे ठुमके, चित हो गए सारे पहलवान; देखें Video प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं पर सरकार की मार लगातार बढ़ती जा रही है। अगर पड़ोसी राज्यों से तुलना की जाए तो राजस्थान इकलौता ऐसा प्रदेश बन गया है, जहां मध्यमवर्ग के परिवारों को भी लगभग 7 रुपए प्रति यूनिट के हिसाब से बिल का भुगतान करना पड़ रहा है।  धर्म-अध्‍यात्‍म दूसरे चरण के आवेदन 16-05-2017 से आगामी आदेश तक दिये जा सकते है। Not Found पूर्व गवर्नर ने बताई रुपये गिरने की बड़ी वजह अन्‍य सुविधाऍं समझौता ज्ञापन अनुतरंग रिक्ति अनुकार प्रयोगशाला ( 80 m Span) Read More: विद्युतयोजनाअवधिजून हेर्मेटिक रूप से मुहरबंद एकल चरण किलो मीटर मीटर एमसीबी सर्ज इलेक्ट्रिक मीटर सुरक्षा शेयरिंग के बारे में घरेलू एवं बीपीएल उपभोक्ता(10 पैसे कम) हरियाणा के ग्रामीण क्षेत्रों को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से शुरू की गई म्हारा गांव-जगमग गांव योजना एक बेहतरीन प्रयोग है जिसने परंपरागत राजनैतिक सांस्कृति को बदलने का कार्य किया है। इससे पूर्व सत्ता में आने की इच्छा रखने वाले सभी राजनेता लोगों को बिजली के बिल फाडऩे के लिए प्रेरित करते थे और सत्ता में आने के पश्चात उन पर गोलियां चलवाते थे। वर्तमान सरकार ने इस परंपरा को तोड़ते हुए लोगों को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाने की  शुरूआत की है। एप्स Українська мова 3. वर्ष 2018-19 में साउथ बिहार 20 फीसदी व नॉर्थ बिहार कंपनी 22 फीसदी तक तकनीकी-व्यवसायिक नुकसान लाए। अभी कंपनी का नुकसान 36 फीसदी है। अगले वित्तीय वर्ष में नुकसान को 15 फीसदी पर लाया जाए।  नई दिल्ली: बिजली क्षेत्र में सुधारों को आगे बढ़ाने की केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता पर बल देते हुए बिजली मंत्री आर के सिंह ने कहा है कि लोगों को दूरसंचार सेवा की तरह बिजली खरीदने के लिए अपने क्षेत्र में एक से अधिक आपूर्तिकर्ताओं का विकल्प दिया जाएगा। इसके लिये बिजली कानून में संशोधन किया जाएगा। बिजली मंत्रालय आगामी बजट सत्र में बिजली संशोधन विधेयक लाने की तैयारी में है जिसमें अन्य बातों के अलावा बिजली आपूर्ति और वितरण नेटवर्क के कारोबार को अलग-अलग करने का प्रावधान होगा। नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय की भी जिम्मेदारी संभाल रहे सिंह ने कहा, हम बिजली कानून में कई संशोधन ला रहे हैं। पेज को रिफ्रेश (Refresh) करें। nakul devarshi | Jaipur, Rajasthan, India विद्युत नियामक आयोग ने कृषि क्षेत्र में 25 एचपी से अधिक बिजली खपत पर 2 फीसदी और 25 एचपी तक 12 फीसदी की राहत दी गई है। छोटी इंडस्ट्री को 10 फीसद और हैवी इंडस्ट्री के लिए 3 से 5 फीसद तक की छूट दी गई है। हैवी इंडस्ट्री के लिए पीक आवर में अधितकत 25 फीसदी तथा औसतन 10 फीसदी तक की छूट दिए जाने का प्रावधान रखा गया है. वहीं रेलवे को 16 फीसद तक की छूट दी जा रही है। मनोरंजन8 स्टार्टअप इंडिया - एक स्टार्टअप क्रांति की शुरुआत मोबाईल सेवाएं Nickname:* राज्य से और Central Govt Schemes बोकारो सत्रहवां सवाल – क्या इस योजना के बारे में जनता में जागरूकता पैदा करने की कोई योजना है, ताकि इस योजना से अधिक से अधिक लोग लाभ उठा सकें? 200 करोड़ की चपत लगा रही अफसरों की ये 'दोस्ती' May 3, 2018 For Advertisement Query सूक्ष्म और लघु उद्यमों को सस्ती बिजली के लिए हरियाणा में ‘पावर टैरिफ सब्सिडी योजना’- Power Tariff Subsidy Yojna दसवां सवाल –  लक्ष्यबद्ध तरीके से समयबद्ध तरीके से हासिल करने की रणनीति क्या है? जेएनएन, चंडीगढ़। हरियाणा के लोगों को सस्ती बिजली उपलब्ध कराने के सरकार के इरादे में कोयला कंपनियां सबसे बड़ी बाधा बनी हुई हैं। प्रदेश की बिजली उत्पादन इकाइयों को भरपूर कोयला नहीं मिलने की वजह से जहां बिजली उत्पादन प्रभावित हो रहा है, वहीं सरकार नहीं चाहती कि बिजली सस्ती करने की घोषणा करने के बाद सप्लाई में किसी तरह की दिक्कत आए। लिहाजा कोयले की जरूरत पूरी होने के बाद ही सरकार बिजली के दाम कर सकती है। जोधपुर पटना एयरपोर्ट पर पैसेंजर को छोड़ उड़ गई फ्लाइट, जा रहे थे बैंगलोर Study Material UPSC Hindi अमरावती West Bengal ऊर्जा अंकेक्षण सेवाऍं दिनेश चन्द नन्दी जींद Motorola P30 हुआ लॉन्च, जानें इस स्मार्टफोन में क्या है खास Blogs Gemini (मिथुन) #electricity consumers अब पाइए अपने शहर ( Jaipur News in Hindi) सबसे पहले पत्रिका वेबसाइट पर | Hindi News अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Patrika Hindi News App, Hindi Samachar की ताज़ा खबरें हिदी में अपडेट पाने के लिए लाइक करें Patrika फेसबुक पेज एग्जिट पोल: UP निकाय चुनाव में योगी का जादू उत्तर प्रदेश पॉवर डिपार्टमेंट बिजली की बढ़ती खपत और एनर्जी सेविंग प्रोग्राम के तहत अब उपभोक्ताओं को कम खपत वाले एसी, गीजर, पंखे और अन्य जरूरतमंद उपकरण सस्ते और आसान किस्तों पर मुहैया कराने के प्रस्ताव पर विचार कर रही है. Darbhanga electricity हसीन जहां नहीं, सिर्फ अपनी बेटी का खर्च उठाएंगे मोहम्‍मद शमी, कोर्ट से मिली बड़ी राहत नया हरियाणा वस्तु व सेवा कर (जीएसटी) के एक जुलाई से लागू होगा। (फोटो-इंटरनेट) Copyright © 2012 Vaishali Computech PVT LTD, Inc. | A heavy coat of dust on a light bulb can block up to half of the light produced by it. Published: Friday, August 10, 2018 12:19 PM    भोपाल राजभाषा अनुभाग धनबाद सहित समस्त झारखण्ड वासियो को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं ‘‘इससे 85,000 से अधिक छोटे औद्योगिक उपभोक्ताओं को लाभ होगा जो 4.99 रुपए प्रति यूनिट के हिसाब से अदायगी करेंगे जबकि बड़े और दरम्याने औद्योगिक बिजली उपभोक्ता 5 रुपए प्रति यूनिट के हिसाब से अदायगी करेंगे।’’  आदेश जिंदगानी 90 फीसदी ग्रामीण परिवारों के पास मोबाइल पर कर्ज में आधे परिवार: नाबार्ड सर्वे सदस्‍यता मुखिया, निचितपुर 2 पंचायत अनुकम्पा पर नौकरी के लिए बेटे ने बाप की दे… VIDEO: जब मूसलाधार बारिश ने कांवड़ियों की सांसें रोक दी चुनाव आयोग से पहले बीजेपी के अमित मालवीय ने बता दी कर्नाटक चुनाव की तारीख, आयोग करेगा जांच बिजय रजवार लिंक्स Collections परीक्षा उपयोगी पुस्तकें NRI's Booked Home at Shapoorji Pune at Rs 45,000 March 2018 24×7 बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सभी घरों में कनेक्टिविटी प्रदान करना एक शर्त है। ऊर्जा प्रदान करने के मुद्दे को सुलझाने के लिए सौभाग्य योजना के एक योजनाबद्ध समर्थन है। इनेलो वाले तो हरियाणा को हमेशा बंद रखना चाहते हैं : राजकुमार सैनी उनका इशारा इस तरफ था कि कर्मचारी या तो प्रेम से कोटा छोड़कर चले जाएं वरना इस कपड़े धोने के धोवने से उनकी पिटाई कर उन्हें यहां से भगा दिया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष रविंद्र त्यागी ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि बिजली कंपनी आम जनता को लूट रही है और इसमें भाजपा जनप्रतिनिधियों की शह मिली हुई है। सोयाबीन (Soybean) तहसील मध्यप्रदेश: राजकीय शोक एवं अवकाश की आधिकारिक सूचना | MP HOLY DAY Updated: 03 Jul, 2018 11:26 PM प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना सौभाग्य योजना Gujarat Scheme अमेरिका की तुर्की को धमकी, पादरी को नहीं छोड़ा तो लगेंगे और प्रतिबंध अटल बिहारी वाजपेयी पर बोलते हुए भावुक हुए सीएम योगी, कहा ये नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के डॉ.पीजी नाजपांडे और एमए खान ने याचिका में कहा, बीपीएल कार्डधारकों और असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को 200 रुपए प्रतिमाह में बिजली दी जा रही है। एक जुलाई तक इनके बकाया बिजली बिलों को भी माफ किए जा रहे हैं। योजनाओं से बिजली वितरण कंपनियों का बजट पर प्रभाव पड़ेगा, और इसका खामियाजा आम उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ेगा, बिजली की दरें बढ़ेंगी और आम जनता को महंगी बिजली लेनी पड़ेगी, सरकार ने सिर्फ आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए ये योजनाएं लाई है| याचिकाकर्ता ने तर्क दिया गया है कि इसी तरह नि:शुल्क बिजली देने के खिलाफ 2003 में याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट की शरण ली थी। तब कोर्ट ने तत्कालीन सरकार को 100 करोड़ रुपए चुकाने के निर्देश दिए थे। इस निर्णय के अनुसार सरकार को बिजली कंपनियों को 5179 करोड़ रुपए जमा करने के बाद ही ये योजनाएं लागू करने का हक है। जबकि हाइकोर्ट ने 13 जुलाई 2018 को इस संबंध में दायर उनकी याचिका खारिज कर दी।  इसके पीछे राजनीतिक लाभ लेने की मंशा स्पष्ट है। लिहाजा, हाईकोर्ट को अग्रिम राशि जमा करवानी चाहिए थी। पूर्व में ऐसा किया जा चुका है। चूंकि हाईकोर्ट ने जनहित याचिका खारिज कर दी, अत: उस आदेश को पलटवाने सुप्रीम कोर्ट जाना पड़ा। इस बारे में जनहित याचिका खारिज होने के दिन ही घोषणा कर दी गई थी। अभिगम्‍यता वक्‍तव्‍य Watch us at Section politics1 day ago डिवाइस भारत में खुला IKEA का पहला स्‍टोर, सबसे सस्‍ती चीज 15 रुपए की सतर्कता Lalit Saxena | Publish: Jun, 17 2018 05:00:00 AM (IST) Ujjain, Madhya Pradesh, India डी०ई०ओ० पोर्टल बिहार विद्युत नियामक आयोग (बीईआरसी) ने 2016-17 में बिजली दर में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किए जाने का निर्णय लिया है जो कि प्रदेश के विद्युत उपभोक्ता के लिए राहत की बात है। नार्थ एंड साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने आयोग के समक्ष गत वर्ष दिसंबर महीने में याचिका दायर की थी जिसमें वित्तीय वर्ष 2016-17 में बिजली दर में करीब 7 प्रतिशत की वृद्धि किए जाने का प्रस्ताव रखा था। Central Govt Schemes इस योजना का लाभ गाँव के साथ-साथ शहर के लोगों को भी मिलेगा। छात्राओं से छेड़खानी करते हैं मयजदे! posted on August 18, 2018 # news बिजली कंपनी के प्रस्ताव को विनियामक आयोग हू-ब-हू मान भी लेता है तो समग्रता में बिहार के लोगों को 10 फीसदी महंगी बिजली मिल सकती है. वित्तीय वर्ष 2018-19 के लिए विनियामक आयोग को सौंपे प्रस्ताव में कंपनी ने घरेलू, व्यवसायिक, छोटे व बड़े उद्योग, गरीबी रेखा से नीचे जीवन गुजर-बसर करने वाले कुटीर ज्योति और सिंचाई श्रेणी के उपभोक्ताओं को मिलाकर कुल 10 फीसदी वृद्धि का प्रस्ताव दिया है. Gold Price यह भी पढ़ें- भारत में छह परमाणु रिएक्टर लगाएगा फ्रांस, 36 राफेल लड़ाकू विमान खरीदेगा भारत प्रारम्भिक परीक्षा 2019 पहले बिजली बढ़ाए पावर कॉरपोरेशन, फिर कीमत विद्युत प्रणाली प्रभाग 1 लाख करोड़ रुपये से अधिक के बकाये वाली 12 कंपनियों को एसएमए-1 या एसएमए-2 कैटेगरी में रखा गया है। एक बड़े बैंक के सीनियर अधिकारी ने बताया कि इसका मतलब यह है कि ड्यू डेट के 30 से 60 दिनों के अंदर इन कंपनियों ने मंथली किस्त नहीं चुकाई है। एसएमए का मतलब यहां स्पेशल मेंशन एकाउंट है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल का कहना है कि हरियाणा में पहली बार बिजली कंपनियां लाभ में आई हैं। उनके लाइनलॉस भी कम हुए हैं। हम अब प्रदेश की जनता को सस्ती बिजली देंगे। इसकी घोषणा करने से पहले मैंने बिजली कंपनियों से कहा है कि वे उत्पादन प्रभावित न होने दें। इसके लिए यदि कोयले की जरूरत है तो आवश्यक प्रबंध और बातचीत करें। हम नहीं चाहते कि बिजली सस्ती करने की घोषणा कर दें और समुचित आपूर्ति न कर पाएं। हमारी सरकार बिजली भी सस्ती देगी और आपूर्ति भी पूरी देगी। बिजली स्विच करें - गैस और इलेक्ट्रिक बिल बिजली स्विच करें - उपयोगिता की तुलना करें बिजली स्विच करें - बिजनेस बिजली की तुलना करें
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